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पंचांग शुद्धि

दिन के पाँचों अंग, विशेष योग, दोष और शुभ-अशुभ समय — एक नज़र में

05-12-2026 · शनिवार · उदयपुर
सूर्योदय कालीन पंचांग के आधार पर

पंचांग शुद्धि एवं विश्लेषण

कार्तिक कृष्ण द्वादशी · शनिवारचित्रा नक्षत्र · सौभाग्य योग · कौलव करणपरिहार: सर्वार्थ सिद्धि योग
दोष युक्त · परिहार सहित
  1. सर्वोत्तम
  2. उत्तम
  3. दोष युक्त
  4. वर्जित
  • वार सावधानी

    शनिवार — क्रूर वार — विवाह, गृह-प्रवेश जैसे मांगलिक कार्यों में त्याज्य।

  • तिथि शुद्ध

    कृष्ण द्वादशी (भद्रा) — शुभ तिथि। कल, 12:52 पूर्वाह्न के बाद त्रयोदशी।

  • नक्षत्र शुद्ध

    चित्रा — मृदु (मैत्र) नक्षत्र, शुभ कार्यों में ग्राह्य — 11:48 पूर्वाह्न तक, फिर स्वाति।

  • योग शुद्ध

    सौभाग्य — शुभ योग — 7:52 पूर्वाह्न तक, फिर शोभन।

  • करण शुद्ध

    कौलव — चर करण, शुभ — 12:15 अपराह्न तक, फिर तैतिल।

  • विशेष शुभ योग शुद्ध

    द्विपुष्कर योग (7:05 पूर्वाह्न – 11:48 पूर्वाह्न) · सर्वार्थ सिद्धि योग (11:48 पूर्वाह्न – कल, 7:06 पूर्वाह्न)।

  • अशुभ योग शुद्ध

    दग्ध या यमघंट योग नहीं।

  • भद्रा शुद्ध

    आज भद्रा नहीं।

  • पंचक शुद्ध

    पंचक नहीं।

  • मास शुद्ध

    कार्तिक मास — खरमास या अधिक मास नहीं।

सरल निष्कर्ष

आज पंचांग में कुछ दोष हैं। दैनिक कार्य और पूजा-पाठ कर सकते हैं; विवाह, गृह-प्रवेश जैसे बड़े संस्कारों के लिए बेहतर दिन चुनें या आचार्य से परामर्श लें।

सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

दिन की समय-रेखा

  • गुलिक काल7:05 पूर्वाह्न – 8:25 पूर्वाह्नसावधानी
  • द्विपुष्कर योग7:05 पूर्वाह्न – 11:48 पूर्वाह्नसिद्ध योग
  • राहुकाल9:45 पूर्वाह्न – 11:05 पूर्वाह्नत्याज्य
  • सर्वार्थ सिद्धि योग11:48 पूर्वाह्न – कल, 7:06 पूर्वाह्नसिद्ध योग
  • अभिजित मुहूर्त12:01 अपराह्न – 12:49 अपराह्नशुभ
  • यमगंड1:45 अपराह्न – 3:05 अपराह्नसावधानी
  • वर्ज्यम्5:50 अपराह्न – 7:26 अपराह्नसावधानी
  • अमृत कालकल, 5:02 पूर्वाह्न – कल, 6:38 पूर्वाह्नशुभ
  • ब्रह्म मुहूर्तकल, 5:30 पूर्वाह्न – कल, 6:18 पूर्वाह्नशुभ
  • सौभाग्य → शोभन7:52 पूर्वाह्नपरिवर्तन
  • चित्रा → स्वाति11:48 पूर्वाह्नपरिवर्तन
  • द्वादशी → त्रयोदशीकल, 12:52 पूर्वाह्नपरिवर्तन

दिन के शुद्ध समय-खंड

सूर्योदय से सूर्यास्त तक, राहुकाल, यमगंड, गुलिक, वर्ज्यम् और पृथ्वी की भद्रा छोड़कर (30 मिनट से लंबे)।

  • 8:25 पूर्वाह्न – 9:45 पूर्वाह्नद्वादशीसिद्ध योग
  • 11:05 पूर्वाह्न – 1:45 अपराह्नद्वादशीअभिजितसिद्ध योग
  • 3:05 अपराह्न – 5:45 अपराह्नद्वादशीसिद्ध योग