DivyaKaal

दिव्य समय, शुभ जीवन

दिव्यकाल स्वचालित विश्लेषण

पंचांग शुद्धि

दिन के पाँचों अंग, विशेष योग, दोष और शुभ-अशुभ समय — एक नज़र में

18-10-2026 · रविवार · सिडनी
सूर्योदय कालीन पंचांग के आधार पर

पंचांग शुद्धि एवं विश्लेषण

आश्विन शुक्ल सप्तमी · रविवारपूर्वाषाढ़ा नक्षत्र · सुकर्मा योग · वणिज करणपरिहार: सर्वार्थ सिद्धि योग
दोष युक्त · परिहार सहित
  1. सर्वोत्तम
  2. उत्तम
  3. दोष युक्त
  4. वर्जित
  • नक्षत्र सावधानी

    पूर्वाषाढ़ा — उग्र (क्रूर) नक्षत्र, मांगलिक कार्यों में त्याज्य — 6:18 अपराह्न तक, फिर उत्तराषाढ़ा।

  • भद्रा सावधानी

    मृत्युलोक (पृथ्वी) की भद्रा 1:59 अपराह्न – कल, 3:13 पूर्वाह्न — इस अवधि में शुभ कार्य न करें।

  • वार ध्यान दें

    रविवार — राजकीय, चिकित्सा व अग्नि संबंधी कार्यों में शुभ; मांगलिक कार्यों में मध्यम।

  • तिथि शुद्ध

    शुक्ल सप्तमी (भद्रा) — शुभ तिथि। 1:58 अपराह्न के बाद अष्टमी।

  • योग शुद्ध

    सुकर्मा — शुभ योग — कल, 5:25 पूर्वाह्न तक, फिर धृति।

  • करण शुद्ध

    वणिज — चर करण, शुभ — 1:58 अपराह्न तक, फिर विष्टि।

  • विशेष शुभ योग शुद्ध

    सर्वार्थ सिद्धि योग (6:18 अपराह्न – कल, 6:10 पूर्वाह्न)।

  • अशुभ योग शुद्ध

    दग्ध या यमघंट योग नहीं।

  • पंचक शुद्ध

    पंचक नहीं।

  • मास शुद्ध

    आश्विन मास — खरमास या अधिक मास नहीं।

सरल निष्कर्ष

आज पंचांग में कुछ दोष हैं। दैनिक कार्य और पूजा-पाठ कर सकते हैं; विवाह, गृह-प्रवेश जैसे बड़े संस्कारों के लिए बेहतर दिन चुनें या आचार्य से परामर्श लें।

सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

दिन की समय-रेखा

  • अभिजित मुहूर्त12:16 अपराह्न – 1:04 अपराह्नशुभ
  • यमगंड12:40 अपराह्न – 2:17 अपराह्नसावधानी
  • अमृत काल12:54 अपराह्न – 2:30 अपराह्नशुभ
  • भद्रा (पृथ्वी)1:59 अपराह्न – कल, 3:13 पूर्वाह्नत्याज्य
  • गुलिक काल3:54 अपराह्न – 5:31 अपराह्नसावधानी
  • राहुकाल5:31 अपराह्न – 7:09 अपराह्नत्याज्य
  • सर्वार्थ सिद्धि योग6:18 अपराह्न – कल, 6:10 पूर्वाह्नसिद्ध योग
  • वर्ज्यम्कल, 2:06 पूर्वाह्न – कल, 3:42 पूर्वाह्नसावधानी
  • ब्रह्म मुहूर्तकल, 4:34 पूर्वाह्न – कल, 5:22 पूर्वाह्नशुभ
  • सप्तमी → अष्टमी1:58 अपराह्नपरिवर्तन
  • पूर्वाषाढ़ा → उत्तराषाढ़ा6:18 अपराह्नपरिवर्तन
  • सुकर्मा → धृतिकल, 5:25 पूर्वाह्नपरिवर्तन

दिन के शुद्ध समय-खंड

सूर्योदय से सूर्यास्त तक, राहुकाल, यमगंड, गुलिक, वर्ज्यम् और पृथ्वी की भद्रा छोड़कर (30 मिनट से लंबे)।

  • 6:11 पूर्वाह्न – 12:40 अपराह्नसप्तमीअभिजित