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दिव्यकाल स्वचालित विश्लेषण

पंचांग शुद्धि

दिन के पाँचों अंग, विशेष योग, दोष और शुभ-अशुभ समय — एक नज़र में

16-11-2026 · सोमवार · मेलबर्न
सूर्योदय कालीन पंचांग के आधार पर

पंचांग शुद्धि एवं विश्लेषण

कार्तिक शुक्ल षष्ठी · सोमवारश्रावण नक्षत्र · गण्ड योग · तैतिल करणपरिहार: सर्वार्थ सिद्धि योग
दोष युक्त · परिहार सहित
  1. सर्वोत्तम
  2. उत्तम
  3. दोष युक्त
  4. वर्जित
  • योग सावधानी

    गण्ड — अशुभ योग, विशेषकर आरंभिक घटियाँ त्याज्य — 12:45 अपराह्न तक, फिर वृद्धि।

  • तिथि शुद्ध

    शुक्ल षष्ठी (नंदा) — शुभ तिथि। 7:31 पूर्वाह्न के बाद सप्तमी।

  • वार शुद्ध

    सोमवार — सौम्य वार, शुभ कार्यों के लिए अनुकूल।

  • नक्षत्र शुद्ध

    श्रावण — चर (चल) नक्षत्र, शुभ कार्यों में ग्राह्य (पूरे दिन)।

  • करण शुद्ध

    तैतिल — चर करण, शुभ — 7:31 पूर्वाह्न तक, फिर गर।

  • विशेष शुभ योग शुद्ध

    सर्वार्थ सिद्धि योग (6:00 पूर्वाह्न – कल, 6:00 पूर्वाह्न)।

  • अशुभ योग शुद्ध

    दग्ध या यमघंट योग नहीं।

  • भद्रा शुद्ध

    आज भद्रा नहीं।

  • पंचक शुद्ध

    पंचक नहीं।

  • मास शुद्ध

    कार्तिक मास — खरमास या अधिक मास नहीं।

सरल निष्कर्ष

आज पंचांग में कुछ दोष हैं। दैनिक कार्य और पूजा-पाठ कर सकते हैं; विवाह, गृह-प्रवेश जैसे बड़े संस्कारों के लिए बेहतर दिन चुनें या आचार्य से परामर्श लें।

सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक

दिन की समय-रेखा

  • सर्वार्थ सिद्धि योग6:00 पूर्वाह्न – कल, 6:00 पूर्वाह्नसिद्ध योग
  • राहुकाल7:46 पूर्वाह्न – 9:32 पूर्वाह्नत्याज्य
  • वर्ज्यम्9:27 पूर्वाह्न – 11:03 पूर्वाह्नसावधानी
  • यमगंड11:18 पूर्वाह्न – 1:04 अपराह्नसावधानी
  • अभिजित मुहूर्त12:40 अपराह्न – 1:28 अपराह्नशुभ
  • गुलिक काल2:50 अपराह्न – 4:36 अपराह्नसावधानी
  • अमृत काल8:10 अपराह्न – 9:46 अपराह्नशुभ
  • ब्रह्म मुहूर्तकल, 4:24 पूर्वाह्न – कल, 5:12 पूर्वाह्नशुभ
  • षष्ठी → सप्तमी7:31 पूर्वाह्नपरिवर्तन
  • गण्ड → वृद्धि12:45 अपराह्नपरिवर्तन

दिन के शुद्ध समय-खंड

सूर्योदय से सूर्यास्त तक, राहुकाल, यमगंड, गुलिक, वर्ज्यम् और पृथ्वी की भद्रा छोड़कर (30 मिनट से लंबे)।

  • 6:00 पूर्वाह्न – 7:46 पूर्वाह्नषष्ठीसिद्ध योग
  • 1:04 अपराह्न – 2:50 अपराह्नसप्तमीअभिजितसिद्ध योग
  • 4:36 अपराह्न – 8:09 अपराह्नसप्तमीसिद्ध योग